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बिहार के गया में कोरोना की एक्टिव मरीज की संख्या कम फिर भी गया रेड जोन में क्यों ? - आइये जानते है |


Lockdown

लॉकडाउन की अवधि  2 सप्ताह के लिए बढ़ा दिया गया है यानि जो लॉक डाउन 3  मई को खत्म होने वाली थी  वो अब 17  मई कर दी गयी है |   भारत सरकार ने 3 जोन में पुरे डिस्ट्रिक्ट को बाटा है -रेड जोन, ऑरेंज  जोन और  ग्रीन जोन |  

भारत के सभी 733 जिला को इन जोन में बाटा गया है जिसमे से 130 जिला को रेड जोन में वहीं  284  जिला को ऑरेंज जोन और 319  जिला को ग्रीन जोन में रखा गया है | और इसी जोन के मुताबिक भारत सरकार ने छूठ देने का एलान किया है लेकिन रेड जोन को और पहले से सख्त  किया जायेगा |

वहीं बिहार के 38 जिलों  में से 5 जिलों को रेड जोन तो 20 जिलों को ऑरेंज जोन में और वहीं 13 जिलों को ग्रीन जोन में रखा गया है |  जिसकी लिस्ट निचे है |

DistrictZone
MungerRed Zone
PatnaRed Zone
RohtasRed Zone
BuxarRed Zone
GayaRed Zone
NalandaOrange Zone
Kaimur (Bhabua)Orange Zone
SiwanOrange Zone
GopalganjOrange Zone
BhojpurOrange Zone
BegusaraiOrange Zone
AurangabadOrange Zone
MadhubaniOrange Zone
Purbi Champaran (East Champaran)Orange Zone
BhagalpurOrange Zone
ArwalOrange Zone
SaranOrange Zone
NawadaOrange Zone
LakhisaraiOrange Zone
BankaOrange Zone
VaishaliOrange Zone
DarbhangaOrange Zone
JehanabadOrange Zone
MadhepuraOrange Zone
PurniaOrange Zone
SheikhpuraGreen Zone
ArariaGreen Zone
JamuiGreen Zone
KatiharGreen Zone
KhagariaGreen Zone
KishanganjGreen Zone
MuzaffarpurGreen Zone
Pashchim Champaran (West Champaran)Green Zone
SaharsaGreen Zone
SamastipurGreen Zone
SheoharGreen Zone
SitamarhiGreen Zone
SupaulGreen Zone

आइये सबसे पहले जानते है ये रेड,ऑरेंज ,ग्रीन  जोन क्या है -

रेड जोन -  रेड जोन में वैसे जिलों को रखा गया है जहाँ कोरोना मरीजो की संख्या ज्यादा है या वहां कुछ ही दिनों में मरीजो संख्या डबल हो रही हो | हॉटस्पॉट वाले एरिया को भी रेड जोन में रखा गया है | 

ऑरेंज जोन - इस जोन में वैसे जिलों को रखा गया जहाँ मरीजो  की संख्या कम है और उस जिले में 14 दिनों के अंदर कोई भी कोरोना केस नहीं आया है | 

ग्रीन जोन- इस जोन में वैसे जिले आते है जहाँ कोई भी कोरोना मरीज़ नहीं है और पिछले 21  दिनों में कोई भी कोरोना केस नहीं आया है | 

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covid19


गया में कोरोना की एक्टिव मरीज की संख्या-1 फिर भी गया रेड जोन में क्यों ?

गया में टोटल 6 केसेस है कोरोना  की जिसमे से 5 मरीज ठीक होकर घर जा चुके है तो वहां एक्टिव केस सिर्फ एक है फिर भी गया को रेड जोन में रखा गया है | 

जिलों को रेड,ऑरेंज या ग्रीन जोन में बाटने के लिए बहुत सारे पैरामीटर्स को देखे जाते है  उसी प्रकार गया को भी रेड जोन में डालने से पहले बहुत सारे पैरामीटर्स को देखा गया होगा |  तो वो कौन सी  पैरामीटर्स हो सकते है आईये  जानते है | 

1 - गया के अनुग्रह मेमोरियल मेडिकल कॉलेज में  कोरोना का इलाज़  किया जा रहा है | गया के आस पास के जिले जैसे नवादा, औरंगाबाद , जहानाबाद  के मरीज को भी गया में ही इलाज़ किया जा रहा है | 

2 . गया जिला शुरू से ही रेड जोन में रहा है अगर  इस जिला में 14 दिनों के अंदर कोई भी कोरोना पॉजिटिव का केस नहीं आता तो यह ऑरेंज जोन में होता और अगर 21  दिनों तक कोई केस नहीं आता तो यह ग्रीन जोन में होता |  लेकिन गया के टिकरी में एक कोरोना पॉजिटिव का केस 26  अप्रैल को आया तो यह भी एक वजह रही होगी जिसके कारन इसे रेड जाने में रखा गया |  

3 .  गया जिला को जनसँख्या और एरिया के हिसाब से बिहार का दूसरा सबसे बड़ा जिला माना जाता है तो यह भी एक पैरामीटर रहा होगा |  

4.  गया जिले से बहुत सारे मजदुर दूसरे प्रदेश कमाने जाते है या बहुत सारे स्टूडेंट पढ़ने भी जाते है  | तो भारत सरकार के आदेश पे इन मजदरों और स्टूडेंट को वापस उनके शहर भेजा जा रहा है या राज्य सरकार ला रही है तो गया में भी बहुत मजदूर या स्टूडेंट आने की संभावना है तो कहीं न कहीं ये भी  वजह रही होगी जिसके कारन गया को रेड जोन में डाला गया | 

5. गया में इंटरनेशनल एयरपोर्ट है और यहाँ भारत के बाहर से बहुत लोग आते है  तो यह भी कारण रही होगी  | 

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